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PM Fasal Bima Yojana 2026: Online Form, Rules & Status
National Crop Insurance Scheme Update & Portal Details
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PM Fasal Bima Yojana 2026: प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) केंद्र सरकार द्वारा संचालित एक अत्यंत महत्वपूर्ण कृषि सुरक्षा योजना है। इसका मुख्य उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं, सूखा, बाढ़, अत्यधिक बारिश, ओलावृष्टि, चक्रवात और प्रतिकूल मौसम के कारण फसलों में होने वाले वित्तीय नुकसान से किसानों को सुरक्षा प्रदान करना है। वर्ष 2016 में शुरू की गई इस योजना के अंतर्गत किसानों को केवल एक सीमित दर पर प्रीमियम चुकाना होता है, जबकि शेष प्रीमियम की विशाल राशि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर वहन करती हैं। हालिया दिशानिर्देशों के अनुसार, राष्ट्रीय फसल बीमा पोर्टल पर किसान के भूमि रिकॉर्ड, बोई गई फसल या अन्य आवश्यक जानकारी सही दर्ज होना अनिवार्य है। यदि पोर्टल पर गलत प्रविष्टि के कारण बीमा दावे में विवाद पैदा होता है, तो संबंधित बैंक या वित्तीय संस्थान की जवाबदेही तय की जाएगी। इसके अतिरिक्त, किसान की स्पष्ट सहमति और सत्यापन के पश्चात ही बीमा पॉलिसी जारी की जाएगी।
PM Fasal Bima Yojana Overview
| Scheme Name | Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana (PMFBY) |
|---|---|
| Initiated By | Ministry of Agriculture & Farmers Welfare, Govt. of India |
| Primary Objective | Financial support against natural crop loss & income stabilization |
| Application Mode | Online (pmfby.gov.in) & Offline (Banks / CSC / PACS) |
| Key Requirement | Farmer consent & correct record matching on portal before policy issuance |
| Official Portal | pmfby.gov.in |
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का मुख्य उद्देश्य
PM Fasal Bima Yojana का प्राथमिक लक्ष्य कृषि क्षेत्र में प्राकृतिक जोखिमों को कम करना और किसानों की आय को स्थिरता प्रदान करना है। योजना के मुख्य उद्देश्यों का विवरण नीचे दिया गया है:
- प्राकृतिक जोखिमों से वित्तीय सुरक्षा: अनपेक्षित प्राकृतिक आपदाओं जैसे बाढ़, सूखा, ओलावृष्टि, कीट आक्रमण, या अत्यधिक वर्षा से फसलों को नुकसान पहुंचने पर आर्थिक सहायता देना।
- किसानों की आय में निरंतरता: फसल खराब होने के बाद किसान को गंभीर कर्ज संकट से बचाना और अगली फसल की बुवाई के लिए कार्यशील पूंजी सुनिश्चित करना।
- आधुनिक कृषि पद्धतियों को बढ़ावा: जोखिम कम होने से किसान नई कृषि तकनीकों और बेहतर बीजों का प्रयोग करने के लिए प्रोत्साहित होते हैं।
- कम प्रीमियम दरें: बीमा प्रीमियम का बड़ा हिस्सा सरकार द्वारा सब्सिडी के रूप में दिया जाता है, जिससे छोटे और सीमांत किसानों पर बोझ नहीं पड़ता।
किसान के लिए निर्धारित प्रीमियम दरें (Premium Share Structure)
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में फसल चक्र के अनुसार किसानों का प्रीमियम अंश निश्चित किया गया है। शेष प्रीमियम सरकार (केंद्र एवं राज्य) द्वारा वहन किया जाता है:
| Crop Category / Season | Max Farmer Share (%) | Example Share for ₹10,000 Premium | Government Share |
|---|---|---|---|
| Kharif Crops (Food grains, Pulses & Oilseeds) | 2.0% | ₹200 | ₹9,800 (Balance) |
| Rabi Crops (Food grains & Oilseeds) | 1.5% | ₹150 | ₹9,850 (Balance) |
| Annual Commercial & Horticultural Crops | 5.0% | ₹500 | ₹9,500 (Balance) |
नोट: ऊपर दी गई ₹10,000 प्रीमियम राशि केवल एक उदाहरण है। सरकार द्वारा किसान को सीधी नकद राशि नहीं दी जाती, बल्कि प्रीमियम की अवशेष राशि सरकारी अनुदान के रूप में बीमा कंपनी को दी जाती है। क्लेम की राशि फसल नुकसान के प्रत्यक्ष आकलन पर निर्भर करती है।
किन फसलों का बीमा किया जा सकता है?
PMFBY के अंतर्गत संबंधित राज्य/जिला अधिसूचना द्वारा अधिसूचित की गई फसलों को बीमा सुरक्षा प्रदान की जाती है:
| Crop Category | Examples of Insured Crops |
|---|---|
| Food Crops (खाद्यान्न फसलें) | धान (Paddy), गेहूं (Wheat), मक्का (Maize), बाजरा (Bajra), ज्वार आदि। |
| Pulses (दलहन फसलें) | चना (Gram), अरहर (Arhar), मूंग (Moong), उड़द (Urad), मसूर (Lentil) आदि। |
| Oilseeds (तिलहन फसलें) | सरसों (Mustard), मूंगफली (Groundnut), सोयाबीन (Soybean), तिल (Sesame) आदि। |
| Commercial & Horticultural Crops | कपास (Cotton), गन्ना (Sugarcane), आलू, प्याज, फल एवं सब्जियां। |
पात्रता और महत्वपूर्ण शर्तें (Eligibility Criteria)
- अधिसूचित क्षेत्र व फसल: किसान जिस भूमि पर खेती कर रहा है, वहां की फसल संबंधित राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित क्षेत्र के अंतर्गत होनी चाहिए।
- कृषक श्रेणी: बटाईदार (sharecroppers), किराएदार (tenant farmers) और खुद की भूमि पर खेती करने वाले सभी पात्र किसान योजना में शामिल हो सकते हैं।
- सहमति एवं सत्यापन: नीति (Policy) जारी होने से पूर्व किसान की स्पष्ट सहमति और विवरण की पुष्टि अनिवार्य है।
- पोर्टल डेटा मैचिंग: पोर्टल पर दर्ज फसल का नाम, भूमि का खसरा/खाता संख्या तथा वास्तविक बोई गई फसल बिल्कुल मेल खानी चाहिए।
- समय सीमा: बीमा आवेदन निर्धारित अंतिम तिथि से पहले पूरा किया जाना आवश्यक है।
आवश्यक दस्तावेज (Required Documents)
| Document Name | Purpose / Requirement |
|---|---|
| Aadhaar Card | Identity and applicant authentication |
| Land Records / Pattadar Passbook | Verification of land ownership and cultivated area |
| Sowing Certificate / Crop Details | Proof of actual crop sown on the insured land |
| Bank Passbook / Account Details | Direct Benefit Transfer (DBT) of approved claim amount |
| Active Mobile Number | OTP verification, status notification, and SMS updates |
PM Fasal Bima Yojana Online & Offline Application Steps
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया (pmfby.gov.in):
- PMFBY के आधिकारिक पोर्टल pmfby.gov.in पर जाएँ।
- मुख्य पृष्ठ पर ‘Farmer Corner’ या ‘Self Registration’ लिंक पर क्लिक करें।
- अपना मोबाइल नंबर, आधार विवरण और मूलभूत व्यक्तिगत जानकारी दर्ज करके पंजीकरण पूरा करें।
- खेती की भूमि का खसरा/खाता नंबर एवं फसल का सटीक विवरण प्रविष्ट करें।
- मांगे गए दस्तावेज (भू-अभिलेख, बैंक पासबुक, बुवाई प्रमाण पत्र) अपलोड करें।
- निर्धारित किसान प्रीमियम का ऑनलाइन भुगतान करें और आवेदन रसीद/पॉलिसी कॉपी डाउनलोड करके सुरक्षित रखें।
ऑफलाइन आवेदन प्रक्रिया:
किसान अपने निकटतम वाणिज्यिक बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, सहकारी समिति (PACS), या अधिकृत कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर भी फसल बीमा फॉर्म भर सकते हैं। फॉर्म जमा करने के बाद रसीद अवश्य प्राप्त करें और अपनी पॉलिसी में दर्ज विवरण की जांच करें।
How to Check PM Fasal Bima Application Status Online
- आधिकारिक पोर्टल pmfby.gov.in खोलें।
- ‘Application Status’ या ‘Farmer Login’ बटन पर क्लिक करें।
- रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और OTP दर्ज करके लॉगिन करें।
- संबंधित वर्ष एवं फसल सीजन (जैसे Kharif / Rabi 2026) का चयन करें।
- अपनी पॉलिसी या आवेदन संख्या प्रविष्ट करके वर्तमान स्थिति एवं स्वीकृत क्लेम की जानकारी देखें।
Important Links
| Action Name | Link |
|---|---|
| Apply Online | Click Here |
| Download Notification | Click Here |
| Official Website | Click Here |
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Frequently Asked Questions (FAQs)
Q1: PM Fasal Bima Yojana 2026 क्या है?
उत्तर: यह केंद्र सरकार द्वारा संचालित फसल बीमा योजना है जो प्राकृतिक आपदाओं और मौसम की प्रतिकूलता से फसल नुकसान होने पर किसानों को वित्तीय सुरक्षा देती है।
Q2: खरीफ और रबी फसलों के लिए किसान को कितना प्रीमियम देना होता है?
उत्तर: खरीफ फसलों के लिए किसान का हिस्सा अधिकतम 2%, रबी फसलों के लिए 1.5% और वार्षिक वाणिज्यिक/बागवानी फसलों के लिए अधिकतम 5% होता है।
Q3: यदि पोर्टल पर फसल विवरण गलत दर्ज हो जाए तो किसकी जवाबदेही होगी?
उत्तर: नए नियमों के अनुसार, यदि किसान की सहमति के बिना या लापरवाही से बैंक/वित्तीय संस्था द्वारा गलत प्रविष्टि होती है और दावे में विवाद पैदा होता है, तो संबंधित बैंक या संस्था की जवाबदेही तय की जाएगी।
Q4: क्लेम की राशि किस आधार पर निर्धारित की जाती है?
उत्तर: क्लेम राशि कोई निश्चित संख्या नहीं होती, बल्कि यह बीमित राशि, फसल के प्रकार, बोए गए क्षेत्रफल और क्षति के वास्तविक आकलन के आधार पर तय होती है।
Q5: PMFBY Application Status कैसे चेक करें?
उत्तर: आधिकारिक वेबसाइट pmfby.gov.in पर जाकर ‘Farmer Corner’ या ‘Application Status’ लिंक के माध्यम से रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर व OTP डालकर स्थिति देखी जा सकती है।
Q6: फसल नुकसान होने पर सूचना देने की क्या प्रक्रिया है?
उत्तर: फसल क्षति की स्थिति में किसान को निर्धारित समय सीमा के भीतर (सामान्यतः 72 घंटे) कृषि विभाग, बीमा कंपनी या हेल्पलाइन 14447 पर सूचना देनी होती है।
Q7: क्या गैर-ऋणी (Non-Loanee) किसान भी इस योजना में आवेदन कर सकते हैं?
उत्तर: हाँ, गैर-ऋणी किसान भी आधिकारिक पोर्टल (pmfby.gov.in), सीएससी (CSC) या नजदीकी बैंक शाखा के माध्यम से स्वैच्छिक रूप से आवेदन कर सकते हैं।
Q8: PMFBY की आधिकारिक हेल्पलाइन नंबर क्या है?
उत्तर: किसी भी सहायता, शिकायत या फसल क्षति की त्वरित सूचना दर्ज कराने के लिए आधिकारिक टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 14447 उपलब्ध है।
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